Radhe Radhe Ashram

श्री नीलकंठ कौशल महाराज जी की पवित्र स्थली में आपका हार्दिक स्वागत है।

परम पूज्य सद्गुरुदेव श्री नीलकंठ कौशल जी महाराज का जन्म 6 मार्च 1984 को पंजाब (भारत) में हुआ। आप एक ऐसे दिव्य संत हैं जिन्होंने जीवन के कठिन संघर्षों के बावजूद भक्ति, करुणा और सत्य के मार्ग को चुना। बचपन से ही आपमें ईश्वर के प्रति गहरी आस्था और मानवता की सेवा का भाव विद्यमान था।

माँ नैना देवी जी की कृपा और गुरु श्री काशी नाथ महाराज जी के आशीर्वाद से आपने आध्यात्मिक ज्ञान प्राप्त किया और जीवन को धर्म, सेवा और समर्पण के मार्ग पर अर्पित कर दिया। संघर्ष से आध्यात्म तक की आपकी यात्रा आज असंख्य भक्तों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।

आज पूज्य सद्गुरुदेव श्री नीलकंठ कौशल जी महाराज भारत और विदेशों में भक्तों को सत्संग, कथा और सेवा कार्यों के माध्यम से मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं। आपके उपदेश हमें सिखाते हैं कि सच्चा धर्म विनम्रता, निस्वार्थ सेवा और प्रेम में निहित है।

पूज्य नीलकंठ कौशल जी महाराज द्वारा सामाजिक एवं मानव सेवा कार्य

✨ मानव सेवा ही सच्ची भक्ति है

ज्य सद्गुरुदेव श्री नीलकंठ कौशल जी महाराज जी के पावन सान्निध्य में स्थापित Statsn Ashram न केवल आध्यात्मिक जागृति का केंद्र है, बल्कि यह मानवता की सेवा का भी प्रतीक है।
महाराज जी का यह मानना है कि —

“सच्ची भक्ति तभी पूर्ण होती है जब हम मानवता की निस्वार्थ सेवा करें।”

💚 मुख्य सामाजिक कार्य

1. गरीब कन्याओं के विवाह (सामूहिक विवाह आयोजन)

पूज्य गुरुदेव जी के मार्गदर्शन में आश्रम द्वारा गरीब एवं असहाय कन्याओं के विवाह निःशुल्क कराए जाते हैं।
इन पवित्र समारोहों से समाज में समानता, संस्कार और नारी सम्मान का संदेश प्रसारित होता है।

2. ब्लड डोनेशन एवं मेडिकल कैंप

आश्रम समय-समय पर ब्लड डोनेशन ड्राइव, स्वास्थ्य जांच शिविर, और नेत्रदान जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करता है।
इन सेवाओं के माध्यम से मानव जीवन की रक्षा और एकता का संदेश दिया जाता है।

3. अन्नदान एवं वस्त्र वितरण

ठंड, विपत्ति या आपदा के समय आश्रम द्वारा भोजन, कंबल, और आवश्यक वस्त्रों का वितरण किया जाता है।
यह सेवा भारतीय संस्कृति के उस शाश्वत सिद्धांत को दर्शाती है —

“नर सेवा ही नारायण सेवा है।”

4. शैक्षणिक एवं आध्यात्मिक प्रेरणा

महाराज जी युवाओं को सच्चाई, अनुशासन और भक्ति के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं।
वे श्रीमद्भागवत कथा, शिव महापुराण कथा, राधा प्रेम कथा जैसे आयोजनों के माध्यम से शांति, प्रेम और धर्म का संदेश देशभर में फैलाते हैं।

🕊️ एक दिव्य समाज का स्वप्न

पूज्य नीलकंठ कौशल जी महाराज जी का उद्देश्य है कि ऐसा समाज बने —
जहां कोई भूखा न सोए, कोई कन्या निर्धनता के कारण विवाह से वंचित न रहे, और हर आत्मा भक्ति से शांति पाए।

"संस्कार, सत्य और सेवा — यही हमारा धर्म है..!

Live Events On Youtube

🕉️ गुरुदेव का संदेश 🕉️

जीवन का सच्चा उद्देश्य भोग नहीं, बल्कि सेवा, भक्ति और सत्य का मार्ग अपनाना है।
दूसरों के दुख को अपना समझकर उनकी सहायता करना ही सबसे बड़ा पूण्य है।
विनम्र रहें, कर्म शुद्ध रखें और हर क्षण ईश्वर का स्मरण करें — यही सच्ची साधना है।

Scroll to Top